दूर-दूर से लोग बच्चे की सलाह लेने आये। वे बच्चे की शांति की आभा और सार्वभौमिक ऊर्जाओं का दोहन करने की उनकी क्षमता की ओर आकर्षित हुए। उनके मार्गदर्शन के माध्यम से, अनेकों लोगों को सांत्वना, उपचार और उद्देश्य की एक नई भावना मिली। बच्चे के शब्दों में लौकिक व अलौकिक ज्ञान समाहित था, और उनके स्पर्श से जरूरतमंदों को आराम मिला।
